रांची : झारखंड की राजधानी रांची में गणतंत्र दिवस का मुख्य समारोह मोरहाबादी मैदान में आयोजित किया गया। इसमें राज्यपाल द्रौपदी मुर्मू ने ध्वजारोहण किया। इसके पहले उन्होंने परेड का निरीक्षण किया।
परेड के साथ विभिन्न विभागों की झांकी भी निकाली गई। कोरोना वायरस संक्रमण के कारण कार्यक्रम को छोटा रखा गया था।
परेड में स्कूली बच्चों और NCC कैडेट्स को शामिल नहीं किया गया था। इसके साथ ही दर्शक में 50 से अधिक उम्र के लोगों का प्रवेश प्रतिबंधित था।
गणतंत्र दिवस के संबोधन की शुरुआत भी राज्यपाल ने कोरोना महामारी में राज्यवासियों के अनुशासन और कोरोना योद्धाओं के धैर्य से किया।
झंडारोहण के बाद राज्यपाल ने कहा कि झारखंडवासियों के धैर्य और अनुशासन के साथ, कोरोना योद्धाओं के सहयोग से झारखंड में कोरोना महामारी का कुप्रभाव काफी हद तक कम किया गया है।
अल्बर्ट एक्का के योगदान को दिखाकर IPRD की झांकी बनी अव्वल
विभिन्न विभागों की झांकी निकाली गई। झांकी के माध्यम से विभिन्न विभागों ने अपनी उपलब्धियां और राज्य की गौरवमय तस्वीर पेश की। इस दौरान लगभग 10 विभागों की झाकियां निकाली गई।
इनमें सूचना जनसंपर्क विभाग की झांकी को पहला पुरस्कार मिला। इसमें परमवीर चक्र विजेता शहीद लांसनायक अल्बर्ट एक्का के योगदान को दिखाया गया था।
दूसरा पुरस्कार पेयजल स्वच्छता विभाग की झांकी को मिला। इसमें जल जीवन मिशन योजना को दिखाया गया। जबकि तीसरा पुरस्कार परिवहन विभाग की झांकी को मिला, सड़क दुर्घटना से बचाव का संदेश दिखाया गया था।




